
बड़वानी। ( रविन्द्र सोनिस कि खबर )12 जून 2026/शासन द्वारा स्वरोजगार के लिए अनेक योजनाएं चलाई जा रही है, इन योजनाओं का मुख्य उद्देश्य है स्वरोजगार को बढ़ाकर जनता के जीवन स्तर में सुधार करना। स्टार्ट अप एवं अपने व्यापार व्यवसाय को बढ़ाने के लिए युवा शासकीय योजनाओं के अंतर्गत बैंकों से ऋण लेने के लिए आवदेन करते है। अतः बैंके उदारता एवं लगन के साथ शासकीय प्रायोजित योजनाओं में हितग्राहियों को ऋण प्रदान करें, ताकि वे स्वयं का व्यापार-व्यवसाय शुरू कर शासन की योजनाओं की सार्थकता सिद्ध कर सकें। उन्होंने कहा कि ऋण प्रकरणों के निराकरण में कोई समस्या हो तो विभागीय समन्वय अधिकारी से संपर्क करें। बिना कारण ऋण योजनाओं के आवेदन लंबित न रखे।

कलेक्टर श्रीमती जयति सिंह ने उक्त निर्देश शुक्रवार को कलेक्टर कार्यालय बड़वानी के सभागार में आयोजित बैंकों की जिला स्तरीय सलाहकार समिति एवं जिला निगरानी समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। बैठक के दौरान कलेक्टर ने प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा एवं प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना की समीक्षा करते हुए यह भी निर्देशित किया कि अधिक से अधिक लोगों को उक्त योजना से जोड़ा जाये। बैंक में आने वाले हितग्राहियों को योजना के लाभ बताये जाये कि प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना में 18 से 70 वर्ष की आयु के व्यक्ति बीमा करा सकते है। मात्र 20 रुपये की प्रीमियम राशि पर दुर्घटना मृत्यु पर 2 लाख रुपये का बीमा राशि मिलती है। वही प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना के अंतर्गत 18 से 50 वर्ष के व्यक्ति को 436 रुपये की प्रीमियम पर 2 लाख रुपये का बीमा राशि मिलती है। साथ ही जिले में योजनान्तर्गत बीमित व्यक्ति की मृत्यु होने पर तुरंत क्लेम का सेटलमेंट भी बैंको द्वारा किया जाये।
बैठक में कलेक्टर ने पशुपालन एवं डेयरी विभाग की स्वरोजगार योजनाएं, पीएम स्वनिधि, महिला स्वसहायता समूह ऋण, उद्यम क्रांति, पीएम विश्वकर्मा, पीएमएफएमई, जनजातीय कार्य विभाग के अंतर्गत संचालित स्वरोजगार योजनाओ के प्रकरणों, लक्ष्यो की विस्तार से समीक्षा की।
